Karak in Hindi Grammar (कारक)

Karak in Hindi (कारक की परिभाषा) –

परिभाषा- संज्ञा ( या सर्वनाम ) के जिस रूप से उसका संबंध वाक्य के किसी दूसरे शब्द के साथ अभिव्यक्त होता है, उस रूप को कारक कहते हैं। जैसे-भगवान राम ने खारे जल … Read More

Kaal Aur Kaal Ke Bhed | काल और काल के भेद

क्रिया के उस रूपांतर को ‘काल’ कहते हैं, जिससे क्रिया के होने का समय तथा उसकी पूर्ण या अपूर्ण अवस्था का बोध होता है ।
जैसे-वह खाता है । वह खा रहा है । वह खाता था । वह खा … Read More

Chhand in Hindi Grammar (छंद)

छन्द काब्य-रचना का मूल आधार है । छन्द के साँचे में ही ढ़लकर कविता पूर्णता को प्राप्त करती है । छन्दहीन रचना में काव्य के सौन्दर्य तथा सौष्ठव का प्राय: अभाव ही रहता है, अत: कविता को समझने तथा उसका … Read More

Alankar in Hindi Grammar (अलंकार)

Alankar in Hindi (अलंकार परिभाषा)

‘अलंकार’ शब्द में ‘अलम् और ‘कार’ दो शब्द हैं। ‘अलम्’ का अर्थ है, भूषण – जो अलंकृत या भूषित करे, वह अलंकार है । अलंकार काव्य का बाह्य शोभाकारक धर्म है।

जिस प्रकार आभूषण किसी … Read More

Vachan in Hindi Grammar (वचन) | Vahcan ke Bhed (वचन के भेद)

Vachan & Vachan ke Bhed (वचन की परिभाषा)

परिभाषा – संज्ञा, सर्वनाम, विशेषण तथा क्रिया के जिस रूप से संख्या का बोध होता है, उसे वचन कहते हैं।
व्याकरण में “वचन’ संख्या का बोध कराता है।
लडकी गाती है ।… Read More