Rupak Alankar in Hindi Grammar | रूपक अलंकार

Rupak Alankar (रूपक अलंकार)

उपमेय में उपमान के निषेधरहित आरोप को रूपक अलंकार कहते हैं।

इसमें अत्यधिक समानता के कारण प्रस्तुत (उपमेय) में अप्रस्तुत (उपमान) का आरोप करके दोनों में अभिन्नता अथवा समानता दिखायी जाती है । ‘रूपक’ का कोशीय … Read More

Upma Alankar in Hindi Grammar | उपमा अलंकार

Upma Alankar (उपमा अलंकार)

दो भिन्न पदार्थों में सादृश्य-प्रतिपादन को उपमा कहते हैं । ‘उपमा’ का अर्थ है एक वस्तु के निकट दूसरी वस्तु को रखकर दोनों में समानता प्रतिपादित करना । ‘उपमा’ शब्द का अर्थ ही है सादृश्य, समानता … Read More

Vipsa Alankar in Hindi Grammar | वीप्सा अलंकार

Vipsa Alankar (वीप्सा अलंकार)

आदर, घृणा, हर्ष, शोक, विस्मयादिबोधक भावों को प्रभावशाली रूप से व्यक्त करने के लिए शब्दों की पुनरावृत्ति को वीप्सा अलंकार कहते हैं।

उदाहरण :

‘रीझि -रीझि रहसि-रहसि हँसी-हँसी उठे,
साँसै भरि आँसू भरि कहत दई-दई ।… Read More

Vkroti Alankar in Hindi Grammar | वक्रोति अलंकार

Vkroti Alankar (वक्रोति अलंकार)

यदि वक्ता के कथन में उसके अभिप्रेत अर्थ के बदले श्रोता श्लेष या काकु से दूसरा अर्थ ग्रहण करे, तो वक्रोक्ति अलंकार होता है ।

वक्रोक्ति (वक्र + उक्ति) का सहज अर्थ है- टेढ़ा कथन ।… Read More

Shesh Alankar in Hindi Grammar | श्लेष अलंकार

Shesh Alankar (श्लेष अलंकार)

जब श्लिष्ट शब्दों से अनेक अर्थों का बोध होता है, तब वहाँ श्लेष अलंकार होता है । ‘श्लिष्ट’ शब्द का अर्थ है मिला हुआ, चिपका हुआ या सटा हुआ । अत: श्लिष्ट शब्द का सामान्य अर्थ … Read More